Tuesday, July 29, 2008

पतझड़ और पहाड़

                                                          ---------पतझड़ और पहाड़ ----------



पत्तो से सरकता 

हुआ,

सुरलय ताल के साथ ,

सावन की रीम्झीम मे ,

गीरता हुआ पानी ,

बादलो से नही 

पहाड की चोटी से 

गिर रहा है .

सुखे पतझड पेड ,

दूर से देख रहे है ,

उस गिरते हुये पानी को ,

जो उंचा 

ओर घना उंचा 

होता जा रहा है ,

मरूभूमी के 

विषेले हाथो से 

बचने के लीये .........

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